उन्होंने कहा कि जिस मकसद के लिए वक्फ बिल लाया गया, केंद्र सरकार ने जो बातें बताई थी, उस पर लोग यकीन करने को तैयार नहीं है. मुस्लिम समाज के डर को कैसे दूर किया जाए, हमारी और केंद्र सरकार की जिम्मेदारी है. केंद्र में इस विधेयक का हमारी पार्टी ने समर्थन किया क्योंकि हम सहयोगी दल हैं, सरकार हमारी है, लेकिन स्टेक होल्डर्स संतुष्ट नहीं हैं.
नीतीश कुमार सेकुलर लीडर हैं- खालिद अनवर
खालिद अनवर ने कहा कि सरकार इसलिए नहीं चलाई जाती कि एक तबके को नाराज किया जाए, समाज में नफरत फैलाई जाए. केंद्र सरकार कोशिश कर सहयोगी दलों को संतुष्ट करें. इस दौरान उन्होंने कहा कि जदयू सेकुलर पार्टी है और नीतीश कुमार सेकुलर लीडर हैं.
'वक्फ में बहुत ज्यादा सुधार होना चाहिए'
वहीं मुस्लिम नेताओं के इस्तीफे पर उन्होंने कहा कि ये बिल से नाराज हैं. इन नेताओं की नाराजगी जदयू या नीतीश कुमार से नहीं बल्कि बिल से है. मुस्लिम समाज के लिए अगर यह बिल है तो उनके साथ इंसाफ हो. वक्फ में बहुत ज्यादा सुधार होना चाहिए, जो बिल पास हुआ है, उसमें कठोर कदम है.
बता दें कि 2 अप्रैल को लोकसभा और 3 अप्रैल को राज्यसभा में वक्फ संशोधन बिल पेश किया गया था, जो पारित हो गया था. जदयू ने बिल के समर्थन में वोट किया था.